Editorial :- देशद्रोह छोड़ देशभक्त बनो या छोड़ो भारत रोहिंग्या बंगलादेशी घुसपैठिये जैसे

रोहिंग्या बंगलादेशी जैसे लौट रहे हैं उल्टे पांव अपने ठिकानों में

भारत विरोधी आजादी गैंग पैर सिर पर रखकर कूच करेेंगे पाक-चाईना की ओर…

>> अलीगढ़ जामिया जेएनयू से शाहीनबाग तक    में जिन्ना वाली आजादी के नारे लगाने वालों को,

भारत को इस्लामिक देश बनाने की चाहत रखने वाले शरजील इमाम को।

हम 15 करोड़ मुस्लिम 100 करोड़ के ऊपर हैं भारी कहने और दंगा भड़काने वाले ओवैसी- वारिस पठानों को।

देशद्रोह के आरोपी ऊमर खालिद, कन्है़य्य़ा कुमार, हार्दिक पटेल जैसे आजादी गैंग को

सीएए-एनपीआर के विरोध की आड़ में दंगा भड़काने जयचंदो को सबक सिखायेंगी वे मुस्लिम कॉलेज की छात्राएं    जिन्होंने किया गूंजायमान जन-गण-मन।

 या

>>  जब देशभक्तों की टोली निकलेगी गली गली-शहर शहर- डगर डगर- गांव गांव तो जैसे  कनरल के घर जाकर चोर बन गया था देशभक्त   वैसे ही देशद्रोहियों को जिन्ना वाली आजादी वालों को कान पकड़ उठक बैठक कर बनना होगा देशभक्त।

नरेन्द्र मोदी यदि प्रधानमंत्री जायेंगे तो कई लोगों ने खाई थी कसम और करी थी घोषणाएं कि वह भारत छोड़ देेंगे परंतु उनमें से किसी एक ने भी भारत नहीं छोड़ा।

 दुष्यंत के भारत की दहाड़ में हिंदुस्तान-हिन्दुत्व -हिन्दुइज्म विरोधी ताकतों को पंगु बनाने की है ताकत।

>>  यहां तक कि हमारे कागज बाघ भी गर्जन कर रहे हैं । भारत के सोते हुए शेरों को जगा रहे हैं! हम भारत के युवाओं को, दुष्यंत के पुत्रों को जागृत कर रहे हैं।

स्याही की एक एक बूंद के कारण हजारों सोचने लगते हैं। इसलिए हमारे पास केवल एक सर्वोच्च ग्रन्थ नहीं है जैसा कि अन्य के पास है। हमारे पास रामायण, महाभारत, गीता, वेद और इतने सारे और सभी सर्वोच्च हैं ।

>> सीएए, एनपीआर का विरोध कर हिंसा भड़काने वालों को अलगाववाद फैलाने वालों को जिन्ना वाली आजादी नारे लगाने वालों को  देशद्रोही हरकतें करने वालों को उसी प्रकार से भारत छोड़ जाना होगा जिस प्रकार से रोहिंग्या और बंगलादेशी घुसपैठिये जा रहे हैं  भारत छोड़कर।

>> दिन रात फतवा जारी करने वालों को

जिन्ना वाली आजादी, टुकड़े-टुकड़े गैंग को, वोट बैंक के लिये सत्ता प्राप्ति के लिये मोदी विरोध के नाम पर देश विरोध के कृत्य करने वाले राजनीतिक तत्वों को फ्रांस के राष्ट्रपति का आदेश पढऩा चाहिये : 

फ्रांस मेें विदेशी इमामों और मुस्लिम टीचर्स पर प्रतिबंध; राष्ट्रपति मैक्रों बोले- ये कट्टरता और नफरत फैलाते हैं।

कट्टरपंथी तत्वों को मोहन भागवत जी के इस कथन पर गौर करना चाहिये कि वैश्विक शांति को बाधक कर रही है कट़्टरता केवल भारत के पास है समाधान।

मुस्लिम युवक ने मुंडन करा ली दीक्षा, बनेंगे मुख्य पुरोहित..

भारत में सदियों से परंपरा रही है कि वह विश्व की किसी भी स्थान की किसी भी शक्ति की अच्छाईयों को अपने में समाहित कर ले। वसुधैव कुटुम्बकम ध्येय वाक्य रहा है हिन्दुस्तानियों का।

यदि पानी का प्रवाह रूक जाये तो वह गंदा हो जाता है। इस मानसिकता की परंपरा भारत की नहीं रही है।

बहता पानी नदियों मेें रहता है स्व्च्छ और पवित्र। इसी प्रकार की परंपरा का सदियों से रहा है भारत हमराही।

परिवर्तन ही जीवन है । ये ही कारण है कि एक नहीं ३३ करोड़ हैं देवी-देवता हिन्दुस्तान के।

 हमारे पास केवल एक सर्वोच्च ग्रन्थ नहीं है जैसा कि अन्य के पास है। हमारे पास रामायण, महाभारत, गीता, वेद और इतने सारे और सभी सर्वोच्च हैं । देशद्रोह छोड़ देशभक्त बनो या छोड़ो भारत रोहिंग्या बंगलादेशी घुसपैठिये जैसे

रोहिंग्या बंगलादेशी जैसे लौट रहे हैं उल्टे पांव अपने ठिकानों में

भारत विरोधी आजादी गैंग पैर सिर पर रखकर कूच करेेंगे पाक-चाईना की ओर…

>> अलीगढ़ जामिया जेएनयू से शाहीनबाग तक    में जिन्ना वाली आजादी के नारे लगाने वालों को,

भारत को इस्लामिक देश बनाने की चाहत रखने वाले शरजील इमाम को।

हम 15 करोड़ मुस्लिम 100 करोड़ के ऊपर हैं भारी कहने और दंगा भड़काने वाले ओवैसी- वारिस पठानों को।

देशद्रोह के आरोपी ऊमर खालिद, कन्है़य्य़ा कुमार, हार्दिक पटेल जैसे आजादी गैंग को

सीएए-एनपीआर के विरोध की आड़ में दंगा भड़काने जयचंदो को सबक सिखायेंगी वे मुस्लिम कॉलेज की छात्राएं    जिन्होंने किया गूंजायमान जन-गण-मन।

 या

>>  जब देशभक्तों की टोली निकलेगी गली गली-शहर शहर- डगर डगर- गांव गांव तो जैसे  कनरल के घर जाकर चोर बन गया था देशभक्त   वैसे ही देशद्रोहियों को जिन्ना वाली आजादी वालों को कान पकड़ उठक बैठक कर बनना होगा देशभक्त।

नरेन्द्र मोदी यदि प्रधानमंत्री जायेंगे तो कई लोगों ने खाई थी कसम और करी थी घोषणाएं कि वह भारत छोड़ देेंगे परंतु उनमें से किसी एक ने भी भारत नहीं छोड़ा।

 दुष्यंत के भारत की दहाड़ में हिंदुस्तान-हिन्दुत्व -हिन्दुइज्म विरोधी ताकतों को पंगु बनाने की है ताकत।

>>  यहां तक कि हमारे कागज बाघ भी गर्जन कर रहे हैं । भारत के सोते हुए शेरों को जगा रहे हैं! हम भारत के युवाओं को, दुष्यंत के पुत्रों को जागृत कर रहे हैं।

स्याही की एक एक बूंद के कारण हजारों सोचने लगते हैं। इसलिए हमारे पास केवल एक सर्वोच्च ग्रन्थ नहीं है जैसा कि अन्य के पास है। हमारे पास रामायण, महाभारत, गीता, वेद और इतने सारे और सभी सर्वोच्च हैं ।

>> सीएए, एनपीआर का विरोध कर हिंसा भड़काने वालों को अलगाववाद फैलाने वालों को जिन्ना वाली आजादी नारे लगाने वालों को  देशद्रोही हरकतें करने वालों को उसी प्रकार से भारत छोड़ जाना होगा जिस प्रकार से रोहिंग्या और बंगलादेशी घुसपैठिये जा रहे हैं  भारत छोड़कर।

>> दिन रात फतवा जारी करने वालों को

जिन्ना वाली आजादी, टुकड़े-टुकड़े गैंग को, वोट बैंक के लिये सत्ता प्राप्ति के लिये मोदी विरोध के नाम पर देश विरोध के कृत्य करने वाले राजनीतिक तत्वों को फ्रांस के राष्ट्रपति का आदेश पढऩा चाहिये : 

फ्रांस मेें विदेशी इमामों और मुस्लिम टीचर्स पर प्रतिबंध; राष्ट्रपति मैक्रों बोले- ये कट्टरता और नफरत फैलाते हैं।

कट्टरपंथी तत्वों को मोहन भागवत जी के इस कथन पर गौर करना चाहिये कि वैश्विक शांति को बाधक कर रही है कट़्टरता केवल भारत के पास है समाधान।

मुस्लिम युवक ने मुंडन करा ली दीक्षा, बनेंगे मुख्य पुरोहित..

भारत में सदियों से परंपरा रही है कि वह विश्व की किसी भी स्थान की किसी भी शक्ति की अच्छाईयों को अपने में समाहित कर ले। वसुधैव कुटुम्बकम ध्येय वाक्य रहा है हिन्दुस्तानियों का।

यदि पानी का प्रवाह रूक जाये तो वह गंदा हो जाता है। इस मानसिकता की परंपरा भारत की नहीं रही है।

बहता पानी नदियों मेें रहता है स्व्च्छ और पवित्र। इसी प्रकार की परंपरा का सदियों से रहा है भारत हमराही।

परिवर्तन ही जीवन है । ये ही कारण है कि एक नहीं ३३ करोड़ हैं देवी-देवता हिन्दुस्तान के।

 हमारे पास केवल एक सर्वोच्च ग्रन्थ नहीं है जैसा कि अन्य के पास है। हमारे पास रामायण, महाभारत, गीता, वेद और इतने सारे और सभी सर्वोच्च हैं ।

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