19 लाख किसानों के खाते में 1500 करोड़, अभी तीन किस्त और मिलेगी

कोरोना संकट के दौर में छत्तीसगढ़ की भूपेश सरकार ने गुरुवार को 19 लाख किसानों के खाते में 1500 करोड़ रुपए ट्रांसफर कर दिए। यह किसानों को सीधी राहत है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कांग्रेस अध्यक्ष सोिनया गांधी और सांसद राहुल गांधी की वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए माैजूदगी में राजीव गांधी किसान न्याय योजना की शुरुआत की।  इस योजना के तहत किसानों को कुल 5750 करोड़ रुपए चार किस्तों में दिए जाएंगे। अभी पहली किस्त दी गई है। 
भूपेश सरकार इस सोच के साथ किसानों को चार किस्तों में राशि दे रही है कि किसानों को लगातार पैसा आएगा तो छत्तीसगढ़ के बाजार में सालभर लेन-देन होता रहेगा। इससे बाजार को मंदी से जूझने में बड़ी मदद मिलेगी। यह राशि किसानों को धान का समर्थन मूल्य के अलावा दी जा रही है। दरअसल कांग्रेस ने 2500 रुपए की दर से किसानों से धान खरीदने की बात की थी लेकिन केंद्र सरकार ने बोनस देने के लिए सहमति नहीं दी तो भूपेश सरकार ने अलग योजना बनाकर किसानों को धान के मूल्य के बदले में नगद राहत देने का फैसला किया। इसी के तहत किसान न्याय योजना को राजीव गांधी की पुण्यतिथि के अवसर पर प्रारंभ किया गया है। इस योजना के तहत धान तथा मक्का किसानों को अधिकतम 10 हजार रुपए प्रति एकड़ दिया जाएगा। इसी तरह गन्ना किसानों को 355 रुपए प्रति क्विंटल की दर से भुगतान किया जाएगा।

इस मौके पर सोनिया गांधी ने कहा कि राजीवजी किसान और श्रमिक भाई-बहनों के लिए दिल में प्यार और आदर रखते थे। समय-समय पर वह उनके बीच जाते थे, सीधे संवाद करते थे। रोजमर्रा की तकलीफ जानने की कोशिश करते थे। उनका मानना था कि किसान और खेती ही भारत के विकास की पूंजी है।छत्तीसगढ़ सरकार को बधाई देती हूं कि वहां इस योजना पर कार्य किया जा रहा है जो किसानों और श्रमिकों के लिए फायदेमंद होगा। राहुल गांधी ने कहा कि छत्तीसगढ़ में इस योजना को लागू करके रास्ता दिखाया गया है। मैं  छत्तीसगढ़ के गरीब, किसान, छोटे दुकानदार, युवा और महिलाओं से कहता हूं कि हम आपके साथ हैं, जो भी मदद कर सकते हैं करेंगे, आपका हाथ नहीं छोड़ेंगे, चाहे कोरोना हो या कुछ भी।

यह है न्याय योजना 
योजना के उद्घाटन कार्यक्रम में किसानों को पहली किस्त के रूप में 1500 करोड़ रुपए की राशि दी जा रही है। 5700 करोड़ रुपए की राशि चार किस्तों में सीधे किसानों के खाते में जाएगी। इस योजना से 9 लाख 53 हजार 706 सीमांत कृषक, 5 लाख 60 हजार 284 लघु कृषक और 3 लाख 20 हजार 844 बड़े किसानों को लाभ मिलने का दावा किया गया है। इस योजना में राज्य सरकार ने खरीफ 2020 के लिए धान, मक्का, सोयाबीन, मूंगफली, तिल, अरहर, मूंग, उड़द, कुल्थी, रामतिल, कोदो, कोटकी और रबी में गन्ना फसल को शामिल किया है।