कुकुरबेड़ा के बाद अब सड्डू बना कंटेनमेंट जोन, आधा दर्जन कॉलोनियां सील

कुकुरबेड़ा के 17 दिन बाद राजधानी में कोरोना का 8वां पाजिटिव मरीज गुरुवार को मिला और शाम तक सड्डू और आसपास की 6 बड़ी कालोनियां को कंटेनमेंट जोन घोषित करते हुए इन्हें सील कर दिया गया। पूरे इलाके की सड़कों बेरिकेडिंग से बंद कर दी गई हैं। इलाके में कर्फ्यू लगाते हुए सभी दुकानों को बंद कर दिया गया और लोगों को घरों से नहीं निकलने की हिदायत दी गई है। यहां सिर्फ मेडिकल इमरजेंसी को ही छूट दी गई है। इधर, निगम ने पूरे इलाके को सेनिटाइज करने का सिलसिला शुरू कर दिया है। 
अफसरों ने बताया कि कोरोना पाजिटिव मिलने के बाद एहतियातन सड्‌डू बीएसयूपी कॉलोनी के अलावा वृंदावन कॉलोनी, कैपिटल होम्स फेस 1-2, कैपिटल सिटी फेस, राजवाड़ा सिटी, सड्‌डू सेक्टर-8, विज्ञान केंद्र समेत आसपास का इलाका सील करते हुए फोर्स तैनात कर दी गई। इलाके में पुलिस का मूवमेंट बढ़ा दिया गया है। लोगों से अपील की जा रही है कि कोई भी घर से बाहर न निकलें तथा सुरक्षा और सावधानी बरतें। गौरतलब है, करीब 17 दिन पहले कुकुरबेड़ा में कोरोना पाजिटिव मिलने के बाद रविवि परिसर और आसपास के इलाके को कंटेनमेंट जोन घोषित करते हुए सील किया गया था।
होटल में हफ्तेभर किया काम
बीएसयूपी का जो 28 साल का युवक कोरोना पॉजिटीव पाया गया है, वह राजातालाब इलाके में एक चाय-नाश्ता के होटल में हलवाई था। वह होटल में नाश्ता बनाता था। उसने 7 दिनों तक होटल में काम किया है। मंगलवार से वह काम में नहीं आ रहा था। उसने होटल मालिक को तबियत ठीक नहीं होने की बात कही थी। पुलिस ने युवक के संपर्क में आने वालों की तलाश शुरू कर दी है। उसके घर के आसपास रहने वालों के अलावा दोस्त, होटल के मालिक और होटल में उसके संपर्क में आए लोगों की सूची बनाई जा रही है। उन सभी का कोरेाना जांच किया जाएगा।
रविवि से कंटेनमेंट जोन हटाया
प्रशासन ने रविशंकर यूनिवर्सिटी परिसर, कुकुरबेड़ा और आसपास घोषित कंटेनमेंट जोन की बंदिशें हटा ली हैं। इसीलिए पुलिस ने वहां की सड़कों से बुधवार शाम को ही बेरिकेड्स हटाने का काम शुरू कर दिया था, जो गुरुवार शाम तक पूरा हो गया और इलाके में जनजीवन सामान्य हो गया। यहां एक कूलर मैकेनिक कोरोना पाजिटिव मिला था। हैरानी की बात ये है कि उसके अलावा उसके माता-पिता, रिश्तेदार, नजदीकी दोस्त और पड़ोसियों समेत 150 से ज्यादा लोगों के सैंपल लेकर जांच की गई लेकिन सभी नेगेटिव निकले।  इससे पहले समता कॉलोनी और रामनगर इलाके को सील किया गया था, लेकिन उसे प्रशासन ने कंटेनमेंट जोन घोषित नहीं किया था।