मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने शिक्षा विभाग से एक सप्ताह में रिपोर्ट मांगी

पिछले लंबे समय से आंदोलनरत शिक्षक भर्ती अभ्यर्थियों का सोमवार को किया प्रदर्शन और मांग काम आ गई है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने अभ्यर्थियों को राहत देते हुए शिक्षा विभाग से भर्ती के संबंध में एक सप्ताह में रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही भर्ती की प्रक्रिया को जल्द पूरा करने को कहा है। प्रदेश में 14850 पदों पर करीब डेढ़ साल से भर्ती प्रक्रिया अटकी हुई है।

मुख्यमंत्री बघेल ने शिक्षा विभाग की भर्ती में हो रही देरी को लेकर अधिकारियों को तलब किया और नाखुशी जाहिर की। उन्होंने कहा, युवाओं को रोजगार देना सरकार की प्राथमिकता में शामिल है। शिक्षक भर्ती की प्रक्रिया को जल्दी पूरा किया जाए। अधिकारियों से कहा, भर्ती प्रक्रिया में अनावश्यक देरी और लापरवाही किसी भी तरह से बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि लोक शिक्षण संचालनालय ने 9 मार्च 2019 को 14580 पदों पर सीधी भर्ती के लिए विज्ञापन दिया था। इसमें यह भी कहा गया था कि रिजल्ट की वैधता में जारी होने से एक वर्ष तक वैध रहेगी। इसके बाद कोरोना के चलते भर्ती की कार्रवाई पूर्ण नहीं हो सकी है। ऐसे में सरकार ने इसकी वैधता में एक साल और वृद्धि कर दी। इसका आदेश भी मंत्रालय ने जारी किया है।