Lok Shakti.in

Nationalism Always Empower People

जोगी के गढ़ में CM रमन बोले, 'अजीब' गठबंधन खेतों को करेगा तबाह….

मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह ने सोमवार को मरवाही के कोटमी में एक आम सभा को संबोधित करते हुए अजीत जोगी की पार्टी छत्तीसगढ़ जनता कांग्रेस और बहुजन समाज पार्टी के गठबंधन पर कटाक्ष किया। उन्होंने बिना किसी का नाम लिए कहा कि राजनीति में अजीब-अजीब से गठजोड़ हो रहे हैं।
हाथी के कंधे पर नांगर रखकर खेत जोतने की कोशिश हो रही है। ऐसे में खेतों में तबाही के अलावा और कुछ भी हासिल नहीं होगा। बता दें कि बसपा के चुनाव चिन्ह हाथी और जोगी की पार्टी के चुनाव चिन्ह नांगर को लेकर उन्होंने यह कटाक्ष किया है।
अटल विकास यात्रा के तहत यहां पहुंचे डॉ. रमन शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मैदान में आयोजित आम सभा को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार केंद्र से लेकर राज्य तक विभिन्न विकास योजनाएं चला रही है, जिससे गांवों, किसानों और गरीबों का भला हो रहा है।
यह विकास की योजनाएं बहुत से लोगों के आंख की किरकिरी भी बन रही है, क्योंकि अपने राजनीतिक स्वार्थ के चलते वह इसे बर्दास्त नहीं कर पा रहे हैं। सभा के दौरान उन्होंने मायावती और अजीत जोगी की पार्टी के गठबंधन को अजीब चुनावी प्रयोग बताया।
132 करोड़ की विकास परियोजनाओं का भूमिपूजन व लोकार्पण
मुख्यमंत्री ने विकास यात्रा के दौरान यहां लगभग 132 करोड़ रुपए की लागत के 49 कार्यों का लोकार्पण और भूमिपूजन किया। उन्होंने 319 हितग्राहियों को विभिन्न शासकीय योजनाओं के तहत सामग्री का वितरण भी किया।
मुख्यमंत्री ने इनमें से कुल 113 करोड़ 44 लाख के 26 कार्यों का भूमिपूजन और 18 करोड़ 24 लाख के 23 कार्यों का लोकार्पण किया। डॉ. सिंह ने जिन कार्यों का भूमिपूजन किया, उनमें 54 करोड़ 26 लाख रुपए की लागत से 13 किलोमीटर लंबा पेंड्रा बायपास मार्ग, लगभग 36 करोड़ रुपए की लागत से 13 किलोमीटर लंबे सिवनी से मरवाही मार्ग का चौड़ीकरण व मजबूतीकरण, 11 करोड़ 56 लाख रुपए की लागत से पांच किलोमीटर लंबे बसंतपुर से भांडी सड़क का उन्न्यन व चौड़ीकरण, लगभग सात करोड़ की लागत से ग्राम पंचायत परासी में बनने वाला एनीकट और 87 लाख की लागत से शासकीय उद्यानिकी नर्सरी लालपुर में अहाता निर्माण का कार्य शामिल है।
डॉ. रमन सिंह जिन कार्यों का लोकार्पण किया, उनमें छह करोड़ 55 लाख रूपए की लागत से सोननदी पर दानिकुंडी से देवरीडांड मार्ग पर निर्मित पुल, पौने तीन करोड़ स्र्पये की लागत से सोननदी पर मेदुका दर्री से गम्मा टोला मार्ग पर निर्मित पुल, लगभग ढाई करोड़ स्र्पये की लागत से सिवनी-मरवाही में निर्मित 33/11 केह्वी विद्युत उपकेंद्र, लगभग सवा दो करोड़ स्र्पये की लागत से बस्ती व्यपर्तन मार्ग गौरेला और 45 लाख की लागत से तिलोरा पेंड्रा में निर्मित बरमूडा स्टॉपडेम शामिल हैं।