
पश्चिम बंगाल पुलिस में भर्ती के नाम पर चल रहे एक बड़े फर्जीवाड़ा गिरोह का झारखंड के हजारीबाग में पर्दाफाश हुआ है। पुलिस ने इस मामले में 22 आरोपितों को गिरफ्तार किया है। यह गिरोह पश्चिम बंगाल पुलिस आरक्षी परीक्षा में धांधली कराने के नाम पर उम्मीदवारों से मोटी रकम वसूल रहा था।
जानकारी के अनुसार, यह गिरोह परीक्षार्थियों को परीक्षा में पास कराने का झूठा भरोसा दिलाता था और बदले में उनसे लाखों रुपये की मांग करता था। गुप्त सूचना के आधार पर हजारीबाग पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गिरोह के सदस्यों को दबोचा। तलाशी के दौरान, पुलिस ने आरोपितों के पास से बड़ी संख्या में फर्जी दस्तावेज, मोबाइल फोन, सिम कार्ड और नगदी बरामद की है।
पुलिसिया पूछताछ में यह बात सामने आई है कि गिरोह के सदस्य परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र लीक करने और उत्तर कुंजी उपलब्ध कराने का दावा करते थे। वे परीक्षार्थियों को विश्वास दिलाने के लिए कुछ लोगों को फर्जी तरीके से सफल भी करा चुके थे। यह गिरोह विशेषकर गरीब और जरूरतमंद परीक्षार्थियों को निशाना बनाता था, जो अच्छी नौकरी की तलाश में थे।
गिरफ्तार आरोपितों से आगे की पूछताछ जारी है और पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस फर्जीवाड़े में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। साथ ही, यह भी जांच की जा रही है कि इस गिरोह के तार पश्चिम बंगाल में कहां-कहां तक फैले हुए हैं। पुलिस इस रैकेट के पूरे नेटवर्क का भंडाफोड़ करने के लिए प्रतिबद्ध है। यह गिरफ्तारी पश्चिम बंगाल पुलिस भर्ती प्रक्रिया की निष्पक्षता सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।




